"स्मार्ट सिटी" में क्या क्या होगा और क्या है "स्मार्ट सिटी मिशन का लक्ष्य"?


"स्मार्ट सिटी मिशन" भारत सरकार द्वारा शहरों के नवीनीकरण और आधुनिकरण के लिए तय किया गया वह लक्ष्य है जिसमे शहरों को उनके नागरिकों के लिए ज्यादा अनुकूल और सहज बनाया जा सके।पूरे भारत के 98 शहरों को इस योजना के लिए चुना गया है, जिनकी सूची आप यहाँ देख सकते है।


आइये जानते है कि कैसा होगा एक स्मार्ट सिटी और उसमे क्या क्या घटक और सुविधाएँ होंगी।

स्मार्ट सिटी के घटक और सुविधाएँ:

1. सिटी नैविगेशन सिस्टम

  • सिटी के नैविगेशन सिस्टम को शहर की जनसंख्या और भविष्य की ज़रूरतों के हिसाब से योजनाबद्ध तरीक़े से विकसित किया जाएगा 
  • स्मार्ट नैविगेशन से शहर के लोगों को ट्रैफ़िक में कम समय और समस्याओं का सामना करना पड़ेगा

2. प्रॉपर्टी सर्वे

  • शहर में सरकारी और निजी सभी प्रकार की प्रॉपर्टी का समुचित सर्वे
  • सभी डॉक्युमेंट एंड डेटा का डिजिटल रूप में प्रबंधन और ऑनलाइन उपलब्धता
  • प्रॉपर्टी से जुड़े मसलों का जल्द और पारदर्शी तरीक़े से निपटारा

3. GIS (जीआईएस - Graphical Information System)

  • GIS टेक्नॉलजी की मल्टी-लेयर मैपिंग के माध्यम से शहर के सभी हिस्स्सों से जुड़ी बहुत से जनकारियाँ और डेटा सिस्टम में फ़ीड कर शहर की प्लानिंग को और बेहतर बनाया जा सकता है।
  • कृषि योग्य भूमि, जल स्तर, शहर के हिस्सों की ऊँचाई-गहराई, बाढ़ की स्थिति में भराव, भूमि क्षरण सहित कई प्रकार के डेटा GIS सिस्टम से मिलने पर उन डेटा के माध्यम से इन सभी कार्यों की प्लानिंग और बेहतर तरीक़े से हो सकती है।


4.  आधार सीडिंग

  • सभी सरकारी सुविधाओं का लाभ, सही प्रकार से लोगों तक पहुँचाने के लिए उचित पहचान के एक सिस्टम का होना आवश्यक होता है। 
  • आधार सीडिंग के माध्यम से सभी नागरिकों को एक यूनिक आईडी मिलती है, जिससे सभी सरकारी योजनाओं का प्रबंधन बेहतर और लक्षित तरीके से होता है.

5. इमर्जन्सी सर्विसेज़ / डिज़ैस्टर मैनज्मेंट 

  • किसी भी आपातकालीन स्थितियों और आपदाओं के प्रबंधन की समुचित प्रणाली 
  • लोगों को किसी भी दुर्घटना की स्थिति में तुरंत सहायता

6. CCTV से निगरानी 

  • शहर के सार्वजनिक स्थानों पर किसी भी प्रकार की घटनाओं को रोकने और किसी घटना की समुचित जाँच के लिए CCTV कमेरों से निगरानी


7. कमांड कंट्रोल सेंटर

  • शहर की व्यवस्था को चुस्त-दूरस्त रखने और सभी विभागों के बीच समन्वय के लिए शहर में एक "कमांड कंट्रोल सेंटर"

8. डेटा सेंटर 

  • शहर की सभी प्रणालियों और विभागों के डिजिटल होने के बाद, आवश्यक है कि उनका डेटा का प्रबंधन भी समुचित प्रकार से हो।
  • इसलिए आवश्यक है की डेटा शहर के ही अपने डेटा सेंटर में रखा जाए।

9. ई-गवर्नन्स

  • सभी प्रकार की सरकारी सुविधाओं को हर नागरिक के लिए इंटरनेट या मोबाइल के माध्यम से सुलभ करवाना 
  • जैसे डिजिटल डॉक्युमेंट के लिए डिजिटल वॉलेट का प्रयोग इत्यादि 

10. सिटी - ऐसेट मैनज्मेंट सिस्टम

  • शहर के सभी सरकारी परिसंपतियों के सही संभाल के लिए डिजिटल सिस्टम

11. डॉक्युमेंट मैनज्मेंट सिस्टम

  • सभी सरकारी डॉक्युमेंट को डिजिटल रूप से प्रबंध करना, 
  • लोगों को डॉक्युमेंट डिजिटल रूप से उपलब्ध करवाने की सुविधा

12.  वाई. फ़ाई.

  • सरकारी और ग़ैर सरकारी संस्थाओं और तकनीकी कंपनियों के साथ मिल कर रेलवे स्टेशन सहित अन्य सार्वजनिक स्थानों पर मुफ्त वाई.फाई. 

13. ऑप्टिकल फाइबर

  • हर ग्राम, शहर और सेवा केन्द्रों को हाई स्पीड इंटरनेट से जोड़ कर कोने कोने में डिजिटल ई-सेवाओं से जोड़ना 
  • डिजिटल हाईवे से जोड़ कर प्रगति को रफ़्तार देना 

14. NMT (गैर मोटर परिवहन) - Non Motor Transport

  • शहर में प्रदूषण रोकने और पर्यावरण से संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए ग़ैर मोटर परिवहन को शहर में बढ़ावा देना 
  • सड़कों के किनारों पर साइकल ट्रैक और फ़ुट्पैथ इत्यादि 


15. ट्रैफ़िक मैनज्मेंट सिस्टम 

  • शहर के ट्रैफ़िक के समुचित प्रबंधन की प्रणाली 

16. बस बेड़े का प्रबंधन 

  • शहर के बस यातायात की समुचित योजना और प्रबंधन

17. ई-बस 

  • ई-बस और ई-बस स्टैंड की प्रणाली से लोगों का बस के लिए इंतज़ार का समय कम करना 

18. टोल कलेक्शन

  • स्मार्ट कॉर्ड से ऑटमैटिक टोल कलेक्शन 
  • टोल कलेक्शन के लिए आधुनिक प्रणाली 

19. ई-चालान

  • विभ्भिन्न सरकारी सेवाओं और विभागों में चालान की प्रणाली को डिजिटल और फ़ास्ट बनाना

20. स्मार्ट पार्किंग

  • शहर की सभी प्रमुख स्थानों की पार्किंग का डिजिटल कम्प्यूटर सिस्टम से प्रबंधन

21. वाहन ट्रैकिंग सिस्टम 

  • शहर के सभी वाहनों जैसे बस, ऑटो, ई-रिक्शा इत्यादि की ट्रैकिंग के लिए डिजिटल कम्प्यूटरायज़्ड सिस्टम


22. पैसेंजर इन्फ़र्मेशन सिस्टम

  • शहर के यातायात के दौरान नागरिकों के समुचित प्रबंधन के लिए पैसेंजर इन्फ़र्मेशन सिस्टम

23. कॉमन स्मार्ट कॉर्ड

  • किराए और अन्य प्रकार की सरकारी सेवाओं की फ़ीस व पेमेंट इत्यादि के लिए एक कॉमन स्मार्ट कॉर्ड से डिजिटल पेमेंट की व्यवस्था 

24. रोड साइनिज

  • शहर में सभी स्थानों के महत्व और ज़रूरत के अनुसार सही प्रकार के रोड साइनेज

25. वायु प्रदूषण की निगरानी

  • शहर की वायु की शुद्धता की समय समय पर जाँच और निगरानी 

26. सॉलिड वेस्ट मैनज्मेंट

  • शहर के घरों और अन्य भवनों से निकलने वाले कचरे और अपशिष्ट का सही प्रबंधन और रीसाइक्लिंग

27. Sewerage सिस्टम 

  • योजनाबद्ध तरीक़े से समुचित ससेवेरज सिस्टम का निर्माण और प्रबंधन

28. SCADA सिस्टम

  • Supervisory control and data acquisition (SCADA) सिस्टम के माध्यम से शहर के संचार व्यवस्था की निगरानी और प्रबंधन ( remote monitoring & control)

29. सौर ऊर्जा फ़ार्म

  • सौर ऊर्जा के अधिक से अधिक उत्पादन और शहर के कार्बन फ़ुट्प्रिंट को न्यूनतम बनाने की व्यवस्था


30. स्ट्रीट लाइट्निंग सिस्टम

  • शहर की रोड और गलियों में रात को लाइट की पर्याप्त व्यवस्था और प्रबंधन

31. डिजिटल एम्प्लॉमेंट इक्स्चेंज

  • शहर में सभी लोगों को वहाँ की संस्थाओं में उपलब्ध रोज़गार से जोड़ने के लिए एक "डिजिटल एम्प्लॉमेंट इक्स्चेंज"

32. इन्क्यूबेशन केन्द्र

  • शहर में नए नए व्यवसाय और उद्यमकर्ताओं के प्रोत्साहन और बढ़ावे के लिए सपोर्ट सिस्टम

33. Telemedicines और कियोस्क

  • इंटरनेट के माध्यम से लोगों को देश-विदेशों के विशेषज्ञ डॉक्टर से परामर्श लेने की सुविधा
  • सरकारी कीयोस्क जैसे सुविधा केंद्रों के माध्यम से अन्य कई सेवाएँ


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"स्मार्ट सिटी" में क्या क्या होगा और क्या है "स्मार्ट सिटी मिशन का लक्ष्य"? Rating: 4.5 Diposkan Oleh: Kheteshwar Boravat

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